धनतेरस 2026: खरीदारी का शुभ मुहूर्त शुरू, जानें समय

By Pradeep.Biswas

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धनतेरस 2026 पर सोना-चांदी खरीदने का शुभ मुहूर्त और पूजा की तैयारी

क्या आप भी धनतेरस पर सोना, चांदी, बर्तन या कोई नया सामान खरीदने की योजना बना रहे हैं? अगर हां, तो आपके लिए जरूरी खबर है। धनतेरस 2026 आज, शुक्रवार 6 नवंबर को मनाया जा रहा है और दिल्ली के पंचांग के अनुसार खरीदारी का शुभ समय सुबह 10:30 बजे से शुरू हो चुका है। अब सवाल है कि शाम को लक्ष्मी-कुबेर पूजा का मुहूर्त कब है और खरीदारी के लिए कौन-सा समय बेहतर रहेगा?

धनतेरस को धन और समृद्धि से जोड़कर देखा जाता है। इस दिन लोग अपनी परंपरा के अनुसार सोना-चांदी, नए बर्तन, वाहन और घर के लिए उपयोगी सामान खरीदते हैं। लेकिन खरीदारी का मुहूर्त और पूजा का मुहूर्त एक ही नहीं होता। इसलिए समय को लेकर भ्रम में रहने के बजाय सही जानकारी जानना जरूरी है।

दिल्ली के पंचांग के अनुसार, धनतेरस पूजा का शुभ समय शाम 6:02 बजे से 7:57 बजे तक है। खरीदारी के लिए शुभ समय इससे अलग है। आइए जानते हैं धनतेरस 2026 की तिथि, खरीदारी का मुहूर्त, पूजा का समय और इस दिन किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। Drikpanchang+1

धनतेरस 2026: आज खरीदारी का शुभ मुहूर्त कब से कब तक?

धनतेरस पर खरीदारी करने वाले लोगों के लिए सबसे जरूरी सवाल यही है कि सोना-चांदी या दूसरी शुभ वस्तुएं खरीदने का सही समय क्या है।

दिल्ली के पंचांग के अनुसार, सोना खरीदने का प्रमुख शुभ समय 6 नवंबर सुबह 10:30 बजे से 7 नवंबर सुबह 6:37 बजे तक बताया गया है। हालांकि, अलग-अलग शहरों और पंचांगों के अनुसार समय में अंतर हो सकता है। The Economic Times+1

धनतेरस 2026: जरूरी समय

धनतेरस की तारीख

6 नवंबर, शुक्रवार

त्रयोदशी तिथि शुरू

सुबह 10:30 बजे

सोना खरीदने का समय

सुबह 10:30 बजे से

लक्ष्मी-कुबेर पूजा

शाम 6:02–7:57 बजे

सभी समय नई दिल्ली के पंचांग पर आधारित हैं। अपने शहर के स्थानीय पंचांग से पुष्टि करें।

ध्यान रखें कि सोना खरीदने के लिए बताए गए समय और शाम की पूजा के समय का उद्देश्य अलग है। यदि आप सुबह खरीदारी नहीं कर पाए हैं, तो घबराने की जरूरत नहीं है। अपने शहर के पंचांग में दिए गए शुभ समय और दुकान की उपलब्धता के अनुसार योजना बना सकते हैं।

धनतेरस 2026 पूजा मुहूर्त: शाम को कब करें लक्ष्मी-कुबेर पूजा?

धनतेरस पर मां लक्ष्मी, भगवान कुबेर और भगवान धन्वंतरि की पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन श्रद्धा से पूजा करने से घर में सुख-समृद्धि और आरोग्य की कामना की जाती है।

दिल्ली के पंचांग के अनुसार, 6 नवंबर 2026 को लक्ष्मी-कुबेर पूजा का मुहूर्त शाम 6:02 बजे से 7:57 बजे तक रहेगा। प्रदोष काल शाम 5:32 बजे से रात 8:09 बजे तक बताया गया है। Drikpanchang+1

धनतेरस 2026 पर पूजा की तैयारी कैसे करें?

पूजा के लिए आप घर पर पहले से ये तैयारियां कर सकते हैं:

  • पूजा स्थल और घर के प्रवेश द्वार की सफाई करें।
  • पूजा की चौकी पर साफ कपड़ा बिछाएं।
  • मां लक्ष्मी, भगवान कुबेर और भगवान धन्वंतरि की तस्वीर या प्रतिमा रखें।
  • दीपक, फूल, रोली, अक्षत, मिठाई और पूजा में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री तैयार रखें।
  • अपने परिवार की परंपरा और स्थानीय पंचांग के अनुसार पूजा करें।
  • पूजा के बाद घर के प्रवेश द्वार पर दीपक जलाने की परंपरा निभाएं।

पूजा में सबसे जरूरी बात श्रद्धा और व्यवस्था है। यदि घर में बुजुर्ग पूजा करते हैं, तो उनकी पारिवारिक परंपराओं को भी ध्यान में रखें।

सोना-चांदी खरीदने का शुभ मुहूर्त 2026

धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदना भारत की लोकप्रिय परंपराओं में शामिल है। कुछ परिवार सोने के सिक्के खरीदते हैं, तो कुछ चांदी के बर्तन या छोटी-सी चांदी की वस्तु लेते हैं।

दिल्ली के लिए उपलब्ध पंचांग के अनुसार, सोना खरीदने का समय 6 नवंबर सुबह 10:30 बजे से 7 नवंबर सुबह 6:37 बजे तक बताया गया है। खरीदारी के कुछ शुभ चौघड़िया समय भी दिए गए हैं। The Economic Times+1

खरीदारी का शुभ समयतारीख और समय (दिल्ली)
सुबह का समय6 नवंबर, 10:30–10:43 बजे
शुभ चौघड़ियादोपहर 12:05–1:27 बजे
चर चौघड़ियाशाम 4:11–5:33 बजे
लाभ चौघड़ियारात 8:49–10:27 बजे
अगली सुबह शुभ चौघड़िया7 नवंबर, सुबह 7:59–9:21 बजे

ये समय दिल्ली के पंचांग के अनुसार हैं। खरीदारी से पहले अपने शहर के समय की पुष्टि करें। चौघड़िया के शुभ समय और पूजा के मुहूर्त को एक ही न समझें।

धनतेरस पर सोना खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?

शुभ मुहूर्त के साथ खरीदारी में समझदारी भी जरूरी है। सोने के आभूषण खरीदते समय इन बातों को जांचें:

  • सोने की शुद्धता और लागू BIS हॉलमार्क की जांच करें।
  • आभूषण पर उपलब्ध छह अंकों वाले HUID को BIS Care ऐप से सत्यापित करें।
  • सोने का भाव, मेकिंग चार्ज और लागू टैक्स अलग-अलग समझें।
  • वजन और बिल पर दर्ज जानकारी का मिलान करें।
  • बिल और खरीदारी से जुड़े जरूरी दस्तावेज सुरक्षित रखें।

अगर आपका बजट सीमित है, तो केवल परंपरा के कारण अपनी क्षमता से अधिक खर्च करने की जरूरत नहीं है। सोने की छोटी वस्तु या बजट के अनुरूप दूसरी उपयोगी खरीदारी भी की जा सकती है।

धनतेरस पर क्या खरीदना शुभ माना जाता है?

धनतेरस पर अलग-अलग परिवारों में खरीदारी की परंपराएं अलग हो सकती हैं। कुछ लोग कीमती धातुएं खरीदते हैं, जबकि कुछ घर के काम आने वाली वस्तुओं को प्राथमिकता देते हैं।

1. सोना और चांदी

सिक्के, आभूषण और चांदी के छोटे बर्तन धनतेरस की पारंपरिक खरीदारी में शामिल हैं। खरीदते समय शुद्धता और बिल जरूर जांचें।

2. नए बर्तन

पीतल, तांबा और स्टील के बर्तन कई घरों में खरीदे जाते हैं। अपनी जरूरत के अनुसार ऐसा सामान चुनें जिसका रोजमर्रा में उपयोग हो।

3. वाहन

कई परिवार धनतेरस पर बाइक, स्कूटर या कार खरीदना पसंद करते हैं। डिलीवरी का समय, बीमा, रजिस्ट्रेशन और कुल लागत पहले जांच लें।

4. इलेक्ट्रॉनिक्स और घरेलू सामान

फ्रिज, वॉशिंग मशीन, मिक्सर या अन्य जरूरी सामान खरीदना चाहते हैं, तो वारंटी, कीमत और रिटर्न पॉलिसी की तुलना करें।

धनतेरस पर खरीदारी करना एक परंपरा है, लेकिन हर वस्तु खरीदना जरूरी नहीं। घर की जरूरत और बजट को प्राथमिकता दें।

धनतेरस 2026 पर वाहन और इलेक्ट्रॉनिक्स खरीदने का सही तरीका

अगर आप धनतेरस पर नई बाइक, कार, मोबाइल या घरेलू इलेक्ट्रॉनिक्स खरीदने की सोच रहे हैं, तो सिर्फ शुभ मुहूर्त देखकर फैसला न करें। कीमत और खरीदारी की शर्तें भी उतनी ही जरूरी हैं।

वाहन खरीदने वालों के लिए:

  • शोरूम से वाहन की ऑन-रोड कीमत लिखित में लें।
  • इंश्योरेंस, रजिस्ट्रेशन और अन्य शुल्क समझें।
  • डिलीवरी की तारीख और जरूरी कागजात पहले तय करें।
  • यदि वाहन फाइनेंस पर ले रहे हैं, तो ब्याज दर और EMI की गणना करें।

मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स खरीदने वालों के लिए:

  • अलग-अलग दुकानों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर कीमतों की तुलना करें।
  • वारंटी और सर्विस की शर्तें पढ़ें।
  • एक्सचेंज ऑफर में पुराने सामान की वास्तविक कीमत पूछें।
  • केवल सीमित समय की छूट देखकर जल्दबाजी में खरीदारी न करें।

धनतेरस का उद्देश्य शुभ शुरुआत और खुशियां मनाना है। इसलिए ऐसी खरीदारी चुनें जो आपके परिवार के लिए उपयोगी हो और बजट पर अनावश्यक दबाव न डाले।

धनतेरस 2026 की तिथि को लेकर 6 या 7 नवंबर का भ्रम क्यों?

कई लोगों के मन में सवाल है कि धनतेरस 6 नवंबर को है या 7 नवंबर को। इसका कारण त्रयोदशी तिथि का अगले दिन सुबह तक जारी रहना है।

नई दिल्ली के पंचांग के अनुसार, त्रयोदशी तिथि 6 नवंबर सुबह 10:30 बजे शुरू होकर 7 नवंबर सुबह 10:47 बजे समाप्त होगी। हालांकि, मुख्य धनतेरस पर्व और शाम की लक्ष्मी-कुबेर पूजा 6 नवंबर को निर्धारित हैं। Drikpanchang+1

इसलिए दोनों तारीखें देखकर भ्रमित न हों। तिथि का जारी रहना और पर्व के मुख्य पूजा समय का निर्धारण अलग बातें हैं।

धनतेरस के बाद 7 नवंबर को छोटी दिवाली और 8 नवंबर को दिवाली मनाई जाएगी। इसके बाद 9 नवंबर को गोवर्धन पूजा और 10 नवंबर को भाई दूज का पर्व है। The Economic Times

धनतेरस पर दीपदान और भगवान धन्वंतरि का महत्व

धनतेरस को धनत्रयोदशी भी कहा जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, यह दिन भगवान धन्वंतरि से जुड़ा है, जिन्हें आयुर्वेद और आरोग्य का देवता माना जाता है। इसी कारण धनतेरस केवल खरीदारी का त्योहार नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, परिवार की खुशहाली और समृद्धि की कामना का अवसर भी है।

इस दिन कई परिवार शाम को यम दीपदान की परंपरा निभाते हैं। इसके अंतर्गत घर के बाहर दीपक जलाया जाता है और परिवार की सुख-शांति की कामना की जाती है। पूजा और दीपदान की विधि क्षेत्र तथा पारिवारिक परंपराओं के अनुसार अलग हो सकती है।

धनतेरस पर घर की सफाई, दीप सजावट और परिवार के साथ पूजा करने का भी खास महत्व है। यदि आप इस दिन खरीदारी नहीं कर पा रहे हैं, तब भी अपनी परंपरा के अनुसार पूजा और दीपदान कर सकते हैं।

धनतेरस 2026: खरीदारी से पहले इन गलतियों से बचें

त्योहार की भीड़ में कुछ जरूरी बातें छूट जाती हैं। खरीदारी करने से पहले इन गलतियों से बचें:

  • पूजा और खरीदारी के मुहूर्त को एक समझना: दोनों का समय अलग हो सकता है।
  • दूसरे शहर का मुहूर्त अपना मान लेना: पंचांग के समय स्थान के अनुसार बदल सकते हैं।
  • बिना बिल के कीमती सामान खरीदना: हमेशा वैध बिल लें और शुद्धता की जांच करें।
  • बजट से ज्यादा खर्च करना: अपनी आर्थिक स्थिति के अनुसार खरीदारी करें।
  • ऑफर की शर्तें न पढ़ना: डिस्काउंट, एक्सचेंज और रिटर्न की शर्तें समझें।
  • आखिरी समय पर सारी तैयारी करना: पूजा सामग्री, यात्रा और खरीदारी की योजना पहले बना लें।

एक व्यावहारिक तरीका यह है कि खरीदारी की सूची और बजट पहले लिख लें। इससे त्योहार का आनंद भी बना रहेगा और गैरजरूरी खर्च से भी बचेंगे।

धनतेरस 2026: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

1. धनतेरस 2026 कब है?

धनतेरस 2026 शुक्रवार, 6 नवंबर को मनाया जा रहा है। त्रयोदशी तिथि 7 नवंबर की सुबह तक जारी रहेगी।

2. धनतेरस 2026 पर सोना खरीदने का शुभ मुहूर्त क्या है?

नई दिल्ली के पंचांग के अनुसार, सोना खरीदने का प्रमुख समय 6 नवंबर सुबह 10:30 बजे से 7 नवंबर सुबह 6:37 बजे तक है। अपने शहर के पंचांग से समय की पुष्टि करें।

3. धनतेरस 2026 की लक्ष्मी-कुबेर पूजा का मुहूर्त क्या है?

नई दिल्ली में लक्ष्मी-कुबेर पूजा का मुहूर्त शाम 6:02 बजे से 7:57 बजे तक है। स्थानीय समय अलग हो सकता है।

4. क्या धनतेरस पर चांदी और बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है?

हां, कई भारतीय परिवारों में धनतेरस पर चांदी, सोने के सिक्के और नए बर्तन खरीदने की परंपरा है। हालांकि, यह धार्मिक और पारिवारिक मान्यता है, कोई अनिवार्यता नहीं।

5. क्या 7 नवंबर 2026 को भी धनतेरस की खरीदारी कर सकते हैं?

नई दिल्ली के पंचांग के अनुसार, सोना खरीदने का बताया गया समय 7 नवंबर सुबह 6:37 बजे तक जारी रहता है। इसके बाद भी स्थानीय पंचांग के अनुसार शुभ समय मिल सकता है। खरीदारी से पहले अपने शहर का समय जांचें।

निष्कर्ष

धनतेरस 2026 पर खरीदारी का शुभ समय शुरू हो चुका है। आज सोना-चांदी, बर्तन, वाहन या घरेलू सामान खरीदने की योजना है, तो अपने शहर के पंचांग के अनुसार मुहूर्त की पुष्टि करें। नई दिल्ली में लक्ष्मी-कुबेर पूजा का समय शाम 6:02 से 7:57 बजे तक है।

इस धनतेरस पर शुभ शुरुआत के साथ समझदारी से खरीदारी करें, बजट का ध्यान रखें और परिवार के साथ त्योहार का आनंद लें।

यह जानकारी अपने परिवार और दोस्तों के साथ शेयर करें, ताकि वे भी धनतेरस की खरीदारी और पूजा की सही योजना बना सकें।

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