सोनम वांगचुक की पत्नी ने सफदरजंग अस्पताल में उठाए सवाल, इलाज और सुरक्षा को लेकर जताई चिंता

By Pradeep.Biswas

Published On:

Date:

सोनम वांगचुक की पत्नी सफदरजंग अस्पताल में मीडिया से बात करती हुई

सोनम वांगचुक की पत्नी ने सफदरजंग अस्पताल में उठाए सवाल, इलाज और सुरक्षा को लेकर जताई चिंता

सोनम वांगचुक एक बार फिर राष्ट्रीय चर्चा का विषय बने हुए हैं। जंतर-मंतर पर 21 दिनों से चल रहे उनके अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के बाद दिल्ली पुलिस उन्हें सफदरजंग अस्पताल लेकर गई। इसके बाद उनकी पत्नी गीतांजलि जे. अंग्मो ने अस्पताल की व्यवस्था और इलाज की प्रक्रिया को लेकर कई सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें अस्पताल के अंदर फोन ले जाने की अनुमति नहीं दी गई और बिना परिवार की सहमति कोई चिकित्सा प्रक्रिया शुरू नहीं की जानी चाहिए।

अस्पताल पहुंचने के बाद क्या बोलीं सोनम वांगचुक की पत्नी?

सफदरजंग अस्पताल पहुंचने के बाद गीतांजलि जे. अंग्मो ने कहा कि उन्हें यह समझ नहीं आया कि अस्पताल परिसर में फोन ले जाने से क्यों रोका जा रहा है। उन्होंने सवाल किया कि आखिर ऐसी कौन-सी स्थिति है, जिसके कारण मोबाइल फोन पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि परिवार और लंबे समय से स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे डॉक्टरों की सहमति के बिना सोनम वांगचुक को कोई भी दवा या उपचार नहीं दिया जाना चाहिए।

दिल्ली पुलिस और अस्पताल का पक्ष

दिल्ली पुलिस ने कहा कि सोनम वांगचुक को उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति, विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह और दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस के अनुसार यह कदम केवल आवश्यक चिकित्सकीय देखभाल सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया और पूरी प्रक्रिया सुरक्षा व्यवस्था के बीच पूरी की गई।

स्वास्थ्य को लेकर क्या है ताजा अपडेट?

सफदरजंग अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार सोनम वांगचुक की स्थिति फिलहाल स्थिर है, लेकिन लंबे समय तक भूख हड़ताल के कारण उन्हें लगातार मेडिकल मॉनिटरिंग की आवश्यकता है। डॉक्टरों की टीम उनकी सेहत पर नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।

आंदोलन जारी, समर्थकों में नाराजगी

सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाने के बाद भी आंदोलन पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। उनके समर्थकों और आंदोलन से जुड़े लोगों ने इस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। वहीं कुछ सामाजिक संगठनों ने पारदर्शिता और परिवार को पर्याप्त जानकारी दिए जाने की मांग की है। दूसरी ओर प्रशासन का कहना है कि प्राथमिकता केवल स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

सोनम वांगचुक से जुड़ा यह घटनाक्रम अब केवल एक स्वास्थ्य मुद्दा नहीं, बल्कि सार्वजनिक बहस का विषय बन चुका है। एक ओर परिवार अस्पताल की प्रक्रियाओं और संचार संबंधी प्रतिबंधों पर सवाल उठा रहा है, जबकि प्रशासन का कहना है कि सभी कदम कानूनी और चिकित्सकीय सलाह के आधार पर उठाए गए हैं। आने वाले दिनों में अस्पताल की आधिकारिक जानकारी और प्रशासन की आगे की कार्रवाई पर सभी की नजर रहेगी।

Leave a Comment

Related News